Custom ROM vs Ported ROM कोन सा अच्छा ही है?

 

Custom-ROM-vs-Ported-ROM

 आज हम बात करने वाले हैं, Custom ROM vs Ported ROM के बारे मे। अगर आप एक एंड्राइड यूजर हो और आप अपने फोन में अलग-अलग ROM इस्तेमाल करते हो तो, आपको Custom ROM और Ported ROM के बारे में पता होगा, नहीं पता है तो नीचे हम बता देंगे। आपको इस कस्टम रोम और पोर्ट रोम का डिफरेंस भी बता देंगे कि, कौन सा रोम हमें यूज़ करना चाहिए और Custom ROM और Ported ROM के फायदे नुकसान क्या है? यह सभी के बारे में मैं आपको पूरे विस्तार में बताने वाला हूं, आपको अच्छी तरीके से समझाने की कोशिश करूंगा कि हमें कौन सा ROM युज करना चाहिए।


ROM क्या है?

 रोम यानी कि हम जो जिस भी डिवाइस में हम उस डिवाइस को कंट्रोल करने के लिए या फिर ऑपरेट करने के लिए जिस भी ऑपरेटिंग सिस्टम का यूज़ करते हैं उसे ROM कहा जाता है। ROM यानी एक प्रकार का सॉफ्टवेयर होता है, जो आपके फोन को कंट्रोल करने में आपकी मदद करता है। आपको जो भी अपने फोन की स्क्रीन में है दिखता है, वह सभी इस सॉफ्टवेयर के माध्यम से यानी कि एक ROM होता है, एंड्राइड भाषा में Operating System को ROM कहां जाता है


Custom ROM Kya Hai?

   कस्टम रोम किसे कहते हैं? तो कस्टम रोम यानी कि, आप सभी को पता है कि Android Open Source (AOSP) है। एंड्राइड को कोई भी लेकर उसे मॉडिफाई कर सकता है। कुछ इसी तरीके से जितनी भी ROM डेवलपर होते हैं, वह एंड्रॉयड को लेकर उसे मॉडिफाई करते हैं, उसमें फीचर को ऐड करते हैं और उसे अपने फोन के लिए Stable बनाते हैं। सादे भाषा में बात की जाए तो कस्टम रोम यानी कि एक  डेवलपर एंड्रॉयड को लेकर उसे कस्टमाइज करके आपके फोन के लिए बनाता है उसी को कस्टम रोम कहा जाता है।


Ported ROM kya Hai?

 हमें Samsung, Oxygen या फिर जितने भी, फोन के साथ जो ROM आते हैं, वह हमें कस्टम रोम देखने के लिए नहीं मिलेगी। अगर कोई वह रोम हमारे फोन के लिए होगी तो हम उसे Ported ROM कहते हैं। Ported ROM यानी कि कोई दूसरे फोन का स्टॉक रोम हमें अपने फोन के Port करके हमारे फोन के लिए स्टेबल बना कर दे, उसे Ported ROM कहा जाता है। 

Ported ROM AOSP के ऊपर बेस्ट होती है, जो Company होते हैं, Android को लेकर उसके ऊपर स्किन लगा देते हैं और उसे एक Stock बनाकर अपने फोन के अंदर डाल देते हैं उसे स्टॉक रोम कहते हैं। उसके बाद डेवलपर उस Stock ROM को लेकर उसे अपने फोन के लिए Port बनाते हैं, उसे Ported ROM कहा जाता है।


मुझे लगता है कि आपको कस्टम रोम और stock रोम क्या होता है? यह इसके बारे में पता चला होगा, आप बोलोगे कि इन दोनों में क्या फर्क है दोनों भी एक ही प्रकार की हैं। लेकिन मैं आपको बताने वाला हूं कि Ported ROM और Custom ROM में क्या फर्क होता है? हमें कौन सी ROM इंस्टॉल करनी चाहिए? हमें किस रूम में अच्छा बैटरी बैकअप और गेमिंग एक्सपीरियंस देखने के लिए मिल जाएगा यह सभी के बारे में नीचे मैं आपको बताने वाला हूं।


Custom ROM की खूबियां-

1.फास्ट और स्मूथ -

Custom ROM कुछ लोग अपने फोन में गेमिंग को बढ़ाने के लिए कस्टम रोम इंस्टॉल करते हैं। कस्टम रोम में हमें बहुत ही अच्छा गेमिंग एक्सपीरियंस देखने के लिए मिल जाएगा और कस्टम रोम में आपको बहुत ही अच्छी स्मूदनेस देखने के लिए मिल जाएगी जो हमें स्टॉक रोम में भी देखने के लिए नहीं मिलती है।


2.कस्टमाइजेशन और फीचर्स -

 कुछ लोग अपने फोन को कस्टमाइज करने के लिए कस्टम रोम का इस्तेमाल करते हैं। हमें बहुत सारे ऐसे कस्टम रोम देखने के लिए मिल जाएंगे जिससे बहुत ज्यादा customization मिल जाएगी और  कस्टम रूम में आपको बहुत अच्छे फीचर भी देखने के लिए मिल जाएंगे।


3.स्टेबिलिटी और अपडेट -

 आज जो हम कस्टम रोम देखते हैं, वह हमें बहुत ही अच्छे स्टेबिलिटी प्रोवाइड करते हैं। यानी कि आज के कस्टम रोम बहुत ही अच्छी तरीके से काम करते हैं, हमें बहुत ही कम bug देखने के लिए मिल जाएंगे। कस्टम रोम में हमें OTA अपडेट देखने के लिए मिल जाएगा। यानी कि आप अपने डाटा को बिना डिलीट करें अपने फोन को अपडेट कर सकते हैं, सरल भाषा में बोले तो आप अपने स्टॉक रोम को जिस तरीके से अपडेट करते हैं उसी तरीके से आप custom rom भी अपडेट कर सकते हैं।


Custom ROM के नुकसान -

 कस्टम रोम के फीचर्स हमें बहुत सारे मिल जाएंगे लेकिन, कस्टम रोम के नुकसान हमें बहुत ही कम मिलते हैं। क्योंकि आजकल जो कस्टम रोम आते हैं वह बहुत ही ज्यादा stable, smooth और फास्ट होते हैं। इसी के साथ हमें कस्टम रोम में फीचर होती है, OTA अपडेट भी मिलते हैं और धीरे-धीरे कस्टम रोम के bugs से गायब होने लगते हैं। अभी कस्टम रोम के हमें कोई भी नुकसान तो देखने के लिए नहीं मिलेंगे। लेकिन अगर आप तो कस्टम रोम को इंस्टॉल करते समय गलती करते हो तो आपका फोन ब्रेक भी हो सकता है, ऐसे तो custom ROM हमें कोई भी नुकसान देखने के लिए नहीं मिलेंगे।


Ported ROM  की खूबियां-

1.स्टेबिलिटी Bugs-

 अगर आप पोट्रेट रोम यूज करते हो तो पोट्रेट रोम आज के समय में बहुत ही अच्छे आ रही हैं। पोट्रेट रोम में आपको बहुत कम bug देखने के लिए मिलते हैं, इसी के साथ पोट्रेट रोम में आपको परफॉर्मेंस बी इंप्रूव देखने के लिए मिल जा रही है, पोट्रेट रोम में भी आपको रेगुलर अपडेट मिल रहे हैं।


2.Ported ROM के साथ आने वाली features -

 Ported ROM में आप उस स्टॉक रोम के सभी Features को यूज कर सकते हो यानी कि, अगर आपको किसी स्टॉक रोम का launcher,Camera, Theme, Boot Animation, Calling Pad यह सभी features आप स्टॉक rom को ported rom में port करके यूज कर सकते हो।


Ported ROM के नुकसान -

1.स्टेबिलिटी और अपडेट -

पोट्रेट रोम का सबसे बड़ा नुकसान यह है कि, इसमें आपको अपडेट OTA नहीं मिलता। यानी कि अगर आपको अपना ROM अपडेट करना है तो आपको उसे clean flash करके custom रिकवरी की मदद से अपडेट करना पड़ता है। 

आप पोट्रेट रोम को OTA के माध्यम से अपडेट नहीं कर सकते। पोट्रेट रोम में आपको bugs भी देखने के लिए मिल जाएंगे। अगर कोई फोन का स्टॉक रोम है और वहां पर उस फोन में अच्छे हार्डवेयर हैं और उस फोन का ROM आप अपने फोन के लिए Port करके यूज़ करते हैं और आपके फोन में हैं अच्छे स्पेसिफिकेशन नहीं है तो आप उन फीचर का यूज नहीं कर सकते।

 

Custom ROM vs Ported ROM

 ऊपर मैंने आपको पोट्रेट रोम और कस्टम रोम क्या होता है? इन के फायदे और उनके नुकसान, आप को बताए हैं। इसे पढ़कर आप समझ ही गए होंगे, फिर भी मैं आपको बता देता हूं हमें कस्टम रोम vs पोट्रेट रोम में कस्टम रोम यूज़ करना चाहिए। क्योंकि कस्टम रोम बहुत अच्छे होते हैं उसमें हमें हैं अपडेट और डेवलपर सपोर्ट अच्छा देखने के लिए मिलता है और वह बहुत ही stable होते हैं। 

पोट्रेट रोम में हमें bugs बहुत सारी देखने मिलते हैं और पोट्रेट रोम की परफॉर्मेंस कस्टम रोम उतनी ही नहीं होती है, पोट्रेट रोम में आपको सपोर्ट भी बहुत कम मिलेगा। अगर आपको एक Gaming ROM चाहिए तो आप Custom ROM ही ट्राई करना। पोट्रेट रोम हमें कब यूज करना चाहिए? जब हमारे पास कोई भी कस्टमर ROM नहीं है या फिर हमें किसी रोम का रिव्यू करना है तो हम उस समय पोट्रेट रोम का यूज कर सकते हैं।


*Note - ऊपर मैंने आपको जितने भी टॉपिक बताएं है वह सभी एजुकेशन के लिए बताए हैं, अगर आप अपने फोन का OS (ROM) को चेंज करना चाहते हैं, तो आप अपने Risk पर कीजिए।


यह जरूर देखें-


Conclusion- 

 अगर आप मुझसे पूछे तो मुझे कस्टम रोम ही ज्यादा पसंद है और मैं आपको कस्टम रोम यूज करने का सुझाव दूंगा custom ROM इसका फीचर्स मैंने ऊपर आपको बता दिया है। आप उसे पढ़ लीजिए आपको भी समझ आ जाएगा कि कब हमें कस्टम रोम यूज करना चाहिए अगर आपको यह पोस्ट अच्छा लगा तो इसे ज्यादा से ज्यादा लोगों के साथ शेयर कीजिए और दूसरी पोस्ट पढ़ना ना भूले।


एक टिप्पणी भेजें

अगर आप हमसे कुछ पूछना चाहते हैं तो नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में पूछिए 👇👇

और नया पुराने